.

.

Breaking News

News Update:

How To Create a Website

*** Supreme Court Dismissed SLP of 719 Guest Teachers of Haryana *** यूजीसी नहीं सीबीएसई आयोजित कराएगी नेट *** नौकरी या दाखिला, सत्यापित प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं *** डीडी पावर के लिए हाईकोर्ट पहुंचे मिडिल हेडमास्टर *** बच्चों को फेल न करने की पॉलिसी सही नहीं : शिक्षा मंत्री ***

Thursday, 24 November 2016

एक जगह होगी निजी स्कूलों की जानकारी

** नर्सरी दाखिले से पहले शिक्षा निदेशालय हुआ सक्रिय
** स्कूलों की वेबसाइट खंगालने का झंझट होगा खत्म
नई दिल्ली : निजी स्कूलों में नर्सरी दाखिले की दौड़ में शामिल होने वाले अभिभावकों को इस बार स्कूलों से संबंधित जानकारी के लिए अलग-अलग वेबसाइट नहीं खंगालनी होगी। शिक्षा निदेशालय की पहल पर ऑनलाइन मॉड्यूल के माध्यम से निजी स्कूलों से जुड़ी अहम जानकारियां एकत्र की जा रही हैं। निदेशालय ने स्कूल की संबद्धता का स्टेटस, सीटों की सूचना, जमीन का आबंटन किन नियमों के तहत हुआ है, यह जानकारी 30 नवंबर तक उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
शिक्षा निदेशालय शिक्षा का अधिकार कानून के तहत निजी स्कूलों में आर्थिक रूप से पिछड़े व वंचित वर्ग के लिए उपलब्ध सीटों और उन पर हुए दाखिलों का ब्यौरा पहले ही ऑनलाइन उपलब्ध करा रहा है। निदेशालय के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार अभी भी कुछ स्कूल पारदर्शिता में कोताही बरत रहे हैं। निजी स्कूलों ने विरोधाभासी जानकारी उपलब्ध कराई है। यही वजह है कि स्कूलों की निगरानी में निदेशालय को परेशानी हो रही है।
निजी स्कूलों के स्तर पर पारदर्शिता लाने के लिए अब निदेशालय ने अलग-अलग सूचना वाले मॉड्यूल खत्म कर एक ही मॉड्यूल उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। निजी स्कूलों से पहले ली गई जानकारी को अब अतिरिक्त जानकारी के साथ इस पर डाला जाएगा। नए मॉड्यूल के माध्यम से सामान्य श्रेणी की सीटों, दाखिले, खाली सीटों की जानकारी, स्कूल कब स्थापित हुआ, संबद्धता कब मिली, कौन से विषय पढ़ाए जाते हैं, स्कूल किस विधानसभा क्षेत्र में है, सेकेंडरी है या सीनियर सेकेंडरी, प्रिंसिपल व स्कूल प्रबंधक का नंबर आदि की जानकारी एक ही जगह पर मिल जाएगी। स्कूलों से कहा गया है कि वे सही जानकारी उपलब्ध कराएं। गलत जानकारी देने पर स्कूल प्रबंधन स्वयं जिम्मेदार होगा।

No comments:

Post a Comment

Note: only a member of this blog may post a comment.