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Tuesday, 3 December 2013

डियर सर, मैं बीपीएल परिवार से हूं, प्लीज... मुझे पास कर देना!


फतेहाबाद : गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले परिवारों को सरकार की ओर से प्राथमिकता के आधार पर मिलने वाली अन्य सुविधाओं की तरह ही इन परिवारों के परीक्षार्थियों ने परीक्षा में भी रियायत मांगी है। मार्किंग के लिए आई उत्तरपुस्तिकाओं में तरह-तरह के कमेंट्स उत्तर पुस्तिका जांचने वाले प्राध्यापकों को मिल रहे हैं। बारहवीं कक्षा की कॉमर्स की एक छात्रा ने अपनी उत्तरपुस्तिका में लिखा है 'डियर सर, मैं बीपीएल परिवार से हूं, प्लीज मुझे पास कर देना', ये मेरी शादी का सवाल है, अगर मैं फेल हो गई तो मेरी शादी रुक जाएगी। एक अन्य छात्रा ने लिखा है 'डियर सर/मैडम आप जो भी, प्लीज मुझे पास कर देना। मैं फेल हो गई तो जान...'। छात्रा ने लिखा है कि वह पिछली बार मेहनत करने के बाद भी फेल हो गई थी। इसलिए फैसला आपके हाथ में है। आप मुझे पास करके जिंदगी देंगे या फेल करके मौत। धन्यवाद। आपकी बेटी जैसी। 
मिलते रहते हैं इस तरह के कमेंट्स : केंद्र इंचार्ज 
केंद्र इंचार्ज जगदीश ढींगड़ा ने बताया कि उत्तरपुस्तिकाएं जांचते समय इस तरह के कमेंट्स लिखे मिल ही जाते हैं। प्राध्यापक जिया लाल ने बताया कि उनके सामने दो उत्तरपुस्तिकाएं ऐसी आई जिनके पहले पेज पर उक्त कमेंट्स लिखे मिले। इस तरह के भावनात्मक संबंधों का मार्किंग से कोई संबंध नहीं है। जो परीक्षार्थी पास होगा उसे ही पास किया जाएगा, अन्यथा नहीं।                              db

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